रोडवेज बस अड्डे के बाहर दशकों पुरानी अवैध दुकानों पर चला पालिका का बुल्डोजर

रोडवेज बस अड्डे के बाहर बनी एक दर्जन से ज्यादा अवैध दुकानों को किया धराशाही, कई दुकानदारों का रोजगार छिना
फर्रूखाबाद
:(MNI NEWS) जिला प्रशासन ने शहर के सड़क समीपवर्ती सरकारी रोडवेज बस अड्डे की दशकों पुरानी दुकानों के अवैध अतिक्रमण पर आज बुल्डोजर चलने से जमीदोज होते ही दर्जनों दुकानदार बेरोजगार हो गए।

सरकारी सूत्रों के अनुसार फर्रूखाबाद नगर में लालदरवाजा स्थित सरकारी रोडवेज बस अड्डे के सामने वाहनों के जाम लगने से यातायात बुरी तरह प्रभावित होने के मामले को लेकर जिला मजिस्ट्रेट मानवेन्द्र सिंह के निर्देशन में फर्रूखाबाद नगर पालिका परिषद के अधिशाषी अधिकारी रविन्द्र कुमार, नगर मजिस्ट्रेट अशोक कुमार मौर्य ने बुधवार को भारी पुलिस बल व पीएसी के साथ तीन बुल्डोजरों व नगर पालिका के कई दर्जन सफाई कार्मियों को लगाकर रोडवेज बस अड्डा अवैध अतिक्रमण दुकानों पर जा पहुॅचे।

सूत्रों ने बताया कि नगर मजिस्ट्रेट श्री मौर्य ने पालिका की तीनों बुल्डोजर चालकों को सड़क समीपवर्ती बस अड्डे के सामने अवैध अतिक्रमणकारी दुकानों को हटाने के निर्देश मिलते ही दुकानदारों ने दुकानों से अपना सामान आनन-फानन में बाहर निकाला। इसके बाद कई दशक पुरानी करीब दो दर्जन व्यापारियों की दुकानें देखते ही देखते जमीदोज हो गयीं और यहीं बने एक सरकारी सुलभ शौचालय पर भी बुल्डोजर चला। इस दौरान यहां भारी पुलिस बल की तैनाती में दुकानदारों और यहीं पर आवास बनाकर रहने वाले दुकानदारों के इक्का-दुक्का परिवारों ने तोड़फोड़ का हल्का-फुल्का का विरोध ‘‘ऊँट के मुंह में जीरा साबित हुआ’’।

यहां अवैध अतिक्रमण वाली एक दुकान में रहने वाले परिवार की मुखिया मंजू दीक्षित ने रोते हुये बताया कि हम पापड़ी की ठेली लगाकर अपने परिवार का भ्रण-पोषण करते थे और आज मेरा सबकुछ उजड़ने के बाद अब हमें रात्रि सड़क पर गुजारनी होगी। फर्रूखाबाद नगर मजिस्ट्रेट अशोक कुमार मौर्य ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देशन पर रोडवेज बस अड्डा सड़क समीपवर्ती अवैध दुकानों का अतिक्रमण आये दिन यातायात जाम लगने से निजात पाने के लिये हटाया गया। इस दौरान जिन दुकानदारों को नुकसान हुआ है उन्हे कहीं दूसरी जगह उपलब्ध कराने पर विचार होगा।

इस अवसर पर नगर पालिका परिषद के अधिशाषी अधिकारी, रविन्द्र कुमार, सीओ सिटी राजवीर सिंह, शहर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक वेदप्रकाश पाण्डेय आदि अधिकारीगण मौजूद रहे।