सात माह बाद लगा संडे बाजार, पसरा रहा सन्नाटा


फर्रूखाबाद: लॉकडाउन खत्म होने के बाद शहर में संडे बाजार लगा। करीब सात माह बाद लगे बाजार में सन्नाटा पसरा रहा। खरीदार गायब रहने से कारोबारी मायूस रहे। पटरी पर सिर्फ पचास ही दुकानें लगी। बाहर से माल न आने की वजह से भी दुकानें लगाने में दुकानदारों ने परहेज किया।
शहर के नेहरू रोड से लेकर घुमना, किराना बाजार और रेलवे रोड की पटरी पर संडे बाजार लगता है। कोराना काल के चलते पिछले सात माह से संडे बाजार का लगना बंद हो गया। अब जबकि लाकडाउन खत्म हुआ तो संडे बाजार में रौनक आने की उम्मीद लगाई जा रही थी। मगर लाकडाउन खत्म होने के पहले ही संडे बाजार में दुकानदारों के अरमान पर पानी फिर गया।

सात माह पहले इसी संडे बाजार में इसकदर भीड़ होती थी कि रोड से निकलना भी मुश्किल हो जाता था। सस्ते और कम रेट का सामान इस बाजार में उपलब्ध होने से न सिर्फ गरीब बल्कि हर तबके के लोग यहां पर खरीददारी को पहुंचे रहे हैं। रविवार को शहर के फुटपाथ पर लगने वाले बाजार का नजारा एकदम बदला था। सुबह नौ बजे दुकानदारों ने अपना सामान सजाया। खरीददार न होने की वजह से 12 बजे तक कई दुकानदारों की बोहनी तक नहीं हुई। ऐसे में दुकानदार मायूस होकर अपनी दुकान का सामान समेट कर चले गए। रोड की पटरियों पर महज 50 दुकानें की लग सकीं। कोरोना काल से पहले यहां पर करीब 500 से अधिक दुकाने कपड़ों की लगती थी। कोरोना काल में दुकानदारों को भारी नुकसान पहुंचा है। कई दुकानदारों की रोजी रोटी को संडे बाजार से ही चलती थी।